झारखंड पुलिस अमन चोपड़ा को नाश्ते की टेबल से अपने साथ ले गई
पत्रकार और टीवी एंकर अमन चोपड़ा से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में कुछ पुलिसकर्मी एक रेस्टोरेंट में नाश्ते की टेबल पर बैठे अमन चोपड़ा को अपने साथ ले जाते हुए दिखाई दे रहे हैं।
वायरल पोस्ट में दावा किया गया है कि झारखंड पुलिस अमन चोपड़ा को नाश्ते की टेबल से अपने साथ ले गई। पोस्ट के साथ झारखंड की राजनीति और JMM तथा हेमंत सोरेन से जुड़े हैशटैग भी लगाए गए हैं।
हालांकि, उपलब्ध वायरल पोस्ट से यह स्पष्ट नहीं है कि पुलिस उन्हें किस मामले में और किस कानूनी प्रक्रिया के तहत अपने साथ ले गई। इसलिए इस संबंध में आधिकारिक पुलिस बयान या विश्वसनीय रिपोर्ट की पुष्टि के बिना किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा।
मामले का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।
झारखंड पुलिस पत्रकार अमन चोपड़ा को उठा ले गई है… वजह उनका झारखंड पेपर लीक मुद्दे पर छात्रों के घेराव का कवरेज राज्य सरकार को पसंद नहीं आ रहा था।
सरकार के पास गलत कवरेज के आरोप में केस करने का विकल्प था। लेकिन ऐसी पूछताछ अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का उल्लंघन है। मैं किसी भी सरकार की इस प्रवृत्ति का विरोध करता हूँ।
-नवलकांत सिन्हा, वरिष्ठ पत्रकार
झारखंड सरकार,
कोई आपके विरूद्ध बोल रहा है, इसलिए पूछताछ, हिरासत या गिरफ्तारी करना कहीं से भी उचित नहीं है।
अगर वो कोई कानून तोड़ रहा है, कानून अपना काम करे।
मगर ये फार्मूला सिर्फ उस पर लागू न हो, जो आपके खिलाफ हो,
ये सभी पर लागू हो।
उत्तर प्रदेश से लेकर झारखंड तक सारी लड़ाई इसी बात की तो है।
जुनैद की बिरयानी तलाशने वाली पत्रकारिता से तमाम असहमतियों के बावजूद लिख रहा हूं कि ऐसा नहीं हो सकता है कि आप प्रेस फ्रीडम की अपनी कोई परिभाषा इजाद कर देंगे।
वो सबके लिए होगी और एक सी होगी।
-अभिषेक उपाध्याय, वरिष्ठ पत्रकार


